जल संरक्षण का संकल्प: जल जीवन मिशन के तहत मोहनटोला में भव्य जल उत्सव, लोगों ने लिया जिम्मेदारी निभाने का संकल्प

जिले के विकासखंड भरतपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत मोहनटोला में 22 मार्च 2026 को विश्व जल दिवस, जल अर्पण दिवस एवं जल उत्सव पखवाड़ा का आयोजन अत्यंत गरिमामय एवं जनजागरूकता से परिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा जल जीवन मिशन के तहत आयोजित इस कार्यक्रम ने ग्रामीणों को जल संरक्षण और स्वच्छ पेयजल के महत्व के प्रति जागरूक करने की दिशा में एक सशक्त पहल प्रस्तुत की।
पंचायत भवन के समीप आयोजित इस कार्यक्रम का संचालन कार्यपालन अभियंता आकाश पोद्दार के निर्देशन में तथा सहायक अभियंता जयंत कुमार चंदेल एवं उप अभियंता मनमोहन सिंह के मार्गदर्शन में सफलतापूर्वक किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को और अधिक प्रभावशाली बना दिया। जनपद अध्यक्ष माया प्रताप सिंह, जनपद उपाध्यक्ष हीरा लाल मौर्य, जिला महामंत्री हिरा लाल यादव, जनपद सदस्य रविन्द्र कुमार बैगा एवं देवेन्द्र कुमार सिंह सहित ग्राम पंचायत मोहनटोला के सरपंच अमरबहादुर सिंह, ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति के सदस्य, जल बहिनियां, पंप ऑपरेटर एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न रचनात्मक एवं जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिसमें बच्चों द्वारा जल जीवन मिशन विषय पर रंगोली बनाकर जल संरक्षण का संदेश दिया गया। पूरे गांव में जागरूकता रैली निकालकर लोगों को पानी के महत्व के प्रति सचेत किया गया। सोलर सिस्टम एवं नल कनेक्शन पर मौली धागा बांधकर उनके संरक्षण एवं जिम्मेदारी का प्रतीकात्मक संदेश दिया गया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत, जल एवं स्वच्छता समिति, जल बहिनियों तथा पंप ऑपरेटरों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया, जिससे उनके कार्यों के प्रति सम्मान और प्रेरणा दोनों का संचार हुआ।
कार्यक्रम में विभागीय अधिकारियों ने ग्रामीणों को जल जीवन मिशन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान करते हुए स्वच्छ पेयजल के महत्व, जल स्रोतों के संरक्षण, स्वच्छता बनाए रखने की आवश्यकता एवं नल-जल योजना के सफल संचालन में जनसहभागिता की भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला। साथ ही पंचायती राज अधिनियम की अधिसूचना 6 दिसंबर 2024 के अनुसार न्यूनतम 60 रुपये जल शुल्क के नियमित भुगतान की अनिवार्यता को भी समझाया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि ग्रामवासी सामूहिक जिम्मेदारी निभाते हुए जल स्रोतों का संरक्षण एवं रखरखाव सुनिश्चित करें, तो हर घर तक शुद्ध और सुरक्षित पेयजल की निरंतर आपूर्ति संभव है।
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित जनों ने जल संरक्षण की शपथ ली और यह संकल्प लिया कि वे पानी की प्रत्येक बूंद का महत्व समझेंगे, उसका संरक्षण करेंगे तथा समाज में भी इसके प्रति जागरूकता फैलाएंगे। ग्रामवासियों, जनप्रतिनिधियों एवं विभागीय टीम के समन्वित प्रयासों से यह आयोजन उत्साह, सहभागिता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ ।



