6 घंटे तक नहीं मिली कोई सही जानकारी, भूखे-प्यासे परेशान हुए यात्री

दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पुणे जाने वाले स्पाइसजेट के यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। 27 जुलाई की रात 9:15 बजे पुणे के लिए उड़ान भरने वाली फ्लाइट कई घंटों तक लेट रही। इस वजह से 180 से ज्यादा यात्री तड़के 3:30 बजे तक एयरपोर्ट पर ही फंसे रहे।
यात्रियों का कहना है कि उनका बोर्डिंग टाइम रात 8:45 बजे तय किया गया था। घंटों इंतजार करने के बाद भी जब अधिकारियों ने कोई साफ जानकारी नहीं दी, तो यात्रियों का गुस्सा फूट पड़ा। एयरपोर्ट पर मौजूद एयरलाइन कर्मचारियों और यात्रियों के बीच तीखी बहस हो गई। माहौल इतना बिगड़ गया कि सुरक्षाकर्मियों को बीच-बचाव के लिए बुलाना पड़ा।
तकनीकी खराबी और बिगड़ी तबीयत
एक यात्री रमेश चंद्र सोनी ने सोशल मीडिया पर अपने बोर्डिंग पास की तस्वीर शेयर करके अपनी आपबीती सुनाई। उन्होंने बताया कि फ्लाइट में मेंटेनेंस का काम कई घंटों से चल रहा था। इससे विमान की सुरक्षा को लेकर चिंता पैदा हो गई। उन्होंने मांग की कि अगर विमान सुरक्षित नहीं है, तो उसे रद्द कर दूसरी व्यवस्था की जाए। डायबिटीज के मरीज होने की वजह से भूखे-प्यासे रहने से उनकी तबीयत भी बिगड़ने लगी थी।
जांच की मांग की
यात्रियों का आरोप है कि रात 2:00 बजे से तड़के 3:30 बजे तक भी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। पूरे 6 घंटे चले इस हंगामे के बाद यात्रियों ने नागरिक उड्डयन मंत्रालय और उड्डयन महानिदेशालय से इस पूरी घटना की जांच कराने की मांग की है। यात्रियों का कहना है कि इतने लंबे समय तक फंसे रहने के बावजूद खाने-पीने का भी कोई प्रबंध नहीं किया गया।



