पं. जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में वार्षिक खेल समारोह ‘एनिग्मा 9.0’ के अंतर्गत पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित

रायपुर।
पंडित जवाहरलाल नेहरू स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, रायपुर में वार्षिक खेल समारोह ‘एनिग्मा 9.0’ के अंतर्गत पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया। महाविद्यालय के खेल मैदान में आयोजित हुए इस समारोह में खेल प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया।कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा चिकित्सा शिक्षा विभाग के सचिव श्री अमित कटारिया मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में चिकित्सा शिक्षा विभाग, छत्तीसगढ़ शासन के पूर्व संचालक एवं ऑर्थोपेडिक्स विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. सुबीर मुखर्जी तथा विशेष अतिथि के रूप में पं. नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय के एनाटॉमी विभाग के पूर्व प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष डॉ. माणिक चटर्जी उपस्थित थे।
महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ. विवेक चौधरी एवं अम्बेडकर अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संतोष सोनकर ने कार्यक्रम की मेजबानी की। आयोजन में स्टूडेंट यूनियन के अध्यक्ष डॉ. एसबीएस नेताम, स्पोर्ट्स कमेटी के अध्यक्ष डॉ. विवेक पात्रे तथा सह-अध्यक्ष डॉ. प्रदीप चंद्राकर की महत्वपूर्ण भूमिका रही। खेल समिति में डॉ. राजेंद्र अहिरे, डॉ. करिश्मा सिंह, डॉ. कुशल चक्रवर्ती और डॉ. नागेंद्र सिंह सोनवानी शामिल थे। वहीं, छात्र समिति की ओर से स्पोर्ट्स सेक्रेटरी सुश्री अर्चिकांगे एवं श्री आलोक राज चेल्के ने आयोजन संबंधी जिम्मेदारियों को संभाला।
एनिग्मा 9.0 के अंतर्गत इनडोर गेम्स, एथलेटिक्स और आउटडोर स्पोर्ट्स की विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। इनडोर गेम्स में शतरंज, टेबल टेनिस, कैरम और बैडमिंटन शामिल रहे। एथलेटिक्स में 100 मीटर दौड़, शॉटपुट, डिस्कस थ्रो, लॉन्ग जंप और जेवलिन थ्रो जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। वहीं, आउटडोर स्पोर्ट्स में खो-खो, फुटबॉल, बास्केटबॉल, कबड्डी, क्रिकेट और वॉलीबॉल के मुकाबले हुए। विभिन्न बैच के छात्र-छात्राओं ने इन प्रतियोगिताओं में भाग लिया।
पुरस्कार वितरण कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए मुख्य अतिथि अमित कटारिया ने अपने संबोधन में कहा कि व्यस्त कार्यक्रम और एक आवश्यक बैठक होने के बावजूद उन्होंने विद्यार्थियों के साथ संवाद करने के उद्देश्य से इस समारोह में शामिल होने का निर्णय लिया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2009 में रायपुर नगर निगम के आयुक्त रहते हुए भी वे महाविद्यालय के खेल समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे।
उन्होंने कहा कि खेल महाविद्यालयीन जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। खेल विद्यार्थियों को न केवल अनुशासन और टीम भावना सिखाते हैं, बल्कि हार को स्वीकार करने और उससे उबरने की शक्ति भी प्रदान करते हैं। जीत मिलने पर जो आनंद और संतुष्टि प्राप्त होती है, वह खेलों को और भी विशेष बनाती है। उन्होंने अपने खेल अनुभवों का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने भी विभिन्न खेलों में रुचि ली है और खेल जीवन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।



