लद्दाख दौरे पर अमित शाह, सोनम वांगचुक से मुलाकात; 22 मई की बैठक पर टिकी निगाहें

गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने लद्दाख दौरे के दौरान सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) और क्षेत्र के अन्य नेताओं से अहम मुलाकात की। यह मुलाकात उस समय हुई है जब हाल ही में वांगचुक पर लगा National Security Act (NSA) हटाया गया है। बैठक के दौरान गृह मंत्री ने शांति बनाए रखने की अपील की और 22 मई को होने वाली बैठक में “बीच का रास्ता” निकालने का संकेत दिया।
आध्यात्मिक यात्रा के बीच राजनीतिक संवाद
गृह मंत्री Amit Shah दो दिवसीय दौरे पर Ladakh पहुंचे थे, जहां उन्होंने भगवान बुद्ध के पवित्र अवशेषों की अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी में हिस्सा लिया। इसी दौरान लेह में नेताओं के साथ बातचीत भी हुई।
बैठक में Leh Apex Body (LAB) के प्रतिनिधि और अन्य स्थानीय नेता मौजूद रहे। चर्चा के दौरान शाह ने भरोसा दिलाया कि स्थिति को बातचीत से सुलझाया जाएगा।
22 मई को अहम बैठक
गृह मंत्री ने बताया कि Ministry of Home Affairs (MHA) की उप-समिति की 22 मई को बैठक होगी, जिसमें लद्दाख से जुड़े प्रमुख मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
सूत्रों के अनुसार, यदि इस बैठक में सहमति बनती है, तो आगे एक उच्चस्तरीय समिति की बैठक बुलाई जा सकती है, जिसमें अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
नेताओं की मांगें क्या हैं?
बैठक में लद्दाख के प्रतिनिधियों ने कई अहम मांगें रखीं—
वार्ता के लिए उच्चाधिकार प्राप्त समिति का गठन
22 मई की बैठक को उच्च स्तर पर अपग्रेड करने की मांग
क्षेत्रीय मुद्दों पर तेज़ और ठोस निर्णय
हालांकि, शाह ने इन मांगों पर तत्काल फैसला नहीं लेते हुए कहा कि पहले 22 मई की बातचीत के नतीजों का इंतजार किया जाए।
पृष्ठभूमि: आंदोलन और तनाव
लद्दाख में पिछले महीनों से राज्य का दर्जा और Sixth Schedule of the Indian Constitution के तहत संरक्षण की मांग को लेकर आंदोलन जारी है।
सितंबर 2025 में प्रदर्शन के दौरान हिंसा की घटना भी सामने आई थी, जिसमें कई लोगों की मौत और कई घायल हुए थे।
वांगचुक की गिरफ्तारी और रिहाई
इन घटनाओं के बाद Sonam Wangchuk को National Security Act के तहत गिरफ्तार किया गया था। हालांकि, मार्च 2026 में उनकी हिरासत समाप्त कर दी गई। रिहाई के बाद से ही वांगचुक लगातार केंद्र सरकार से संवाद की मांग कर रहे हैं।
अब लद्दाख के भविष्य को लेकर सभी की नजरें 22 मई की बैठक पर टिकी हैं, जहां से समाधान की दिशा तय होने की उम्मीद जताई जा रही है।



