15 साल से कम बच्चों के पासपोर्ट का बदला नियम, जानें नई वैधता

नई दिल्ली। विदेश मंत्रालय ने बच्चों के पासपोर्ट से जुड़े नियमों में अहम बदलाव किया है। नए नियम के तहत 15 साल से कम उम्र के बच्चों को जारी किया जाने वाला 36 पन्नों का सामान्य भारतीय पासपोर्ट अब पांच साल या बच्चे के 18 साल की उम्र पूरी होने तक, जो भी पहले हो, वैध रहेगा। यह बदलाव पासपोर्ट (संशोधन) नियम, 2026 के तहत किया गया है।
संशोधित नियम को भारत के राजपत्र में अधिसूचना जारी होने के साथ लागू कर दिया गया है। नए प्रावधान के तहत 15 साल से कम उम्र के बच्चे के पासपोर्ट की वैधता अब उसकी 18 साल की उम्र तक बढ़ सकती है, लेकिन अधिकतम अवधि पांच साल होगी। यानी यदि बच्चा 14 साल की उम्र में पासपोर्ट बनवाता है, तो पासपोर्ट 18 साल की उम्र तक ही वैध रहेगा।
पासपोर्ट फीस में भी बदलाव
नए नियमों के साथ पासपोर्ट शुल्क से जुड़े प्रावधानों में भी संशोधन किया गया है। वयस्कों के लिए 36 पन्नों वाले सामान्य पासपोर्ट की फीस ₹1,500 से बढ़कर ₹2,500 और 60 पन्नों वाले पासपोर्ट की फीस ₹2,000 से बढ़कर ₹3,500 हो गई है।
तत्काल सेवा में 36 पन्नों वाले पासपोर्ट की फीस ₹5,000 और 60 पन्नों वाले पासपोर्ट की फीस ₹6,000 है। वहीं, नाबालिगों के 36 पन्नों वाले सामान्य पासपोर्ट की फीस ₹1,000 से बढ़कर ₹1,750 कर दी गई है। तत्काल श्रेणी में यह फीस ₹4,250 है।
इसके अलावा 8 साल से कम उम्र के बच्चों और 60 साल से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों को नए पासपोर्ट आवेदन पर 10 प्रतिशत शुल्क छूट जारी रहेगी। यह छूट पासपोर्ट के पुनः जारी कराने पर लागू नहीं होगी।



