वित्त मंत्रालय ने बीमा क्षेत्र में 100 फीसदी एफडीआई को किया अधिसूचित

नई दिल्ली। वित्त मंत्रालय ने शनिवार को स्वचालित मार्ग के तहत बीमा क्षेत्र में 100 फीसदी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को अधिसूचित कर दिया है, जो पिछले 74 फीसदी की सीमा को प्रतिस्थापित करती है।
वित्त मंत्रालय की ओर से 2 मई 2026 को स्वचालित मार्ग के तहत बीमा क्षेत्र में 100 फीसदी एफडीआई की अधिसूचना जारी की गई है, जो पिछले 74 फीसदी की सीमा को प्रतिस्थापित करती है।
यह नियम सबका बीमा सबकी रक्षा (बीमा कानून संशोधन) विधेयक-2025 के तहत आया है, जिसका उद्देश्य विदेशी पूंजी, तकनीक और बेहतर उत्पाद लाना है। हालांकि एलआईसी के लिए यह सीमा 20 फीसदी ही रहेगी।
अधिसूचना के मुताबिक विदेशी मुद्रा प्रबंधन (गैर-ऋण लिखत) (द्वितीय संशोधन) नियम-2026 के अनुसार बीमा कंपनियों और ब्रोकरों सहित बिचौलियों में स्वचालित मार्ग के तहत 100 फीसदी विदेशी निवेश की अनुमति होगी। वहीं, सार्वजनिक क्षेत्र की बीमा कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के लिए ये सीमा 20 फीसदी तय की गई है।
उल्लेखनीय है कि संसद ने दिसंबर 2025 में सबका बीमा सबकी रक्षा (बीमा कानून संशोधन) विधेयक-2025 को पारित किया था। इसने बीमा क्षेत्र में एफडीआई की सीमा को पहले के 74 फीसदी से बढ़ाकर स्वचालित मार्ग के तहत 100 प्रतिशत करने का रास्ता साफ किया है।
राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के बाद यह विधेयक कानून बन गया था। इसके बाद फरवरी 2026 में वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के तहत उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग ने बीमा क्षेत्र में 100 फीसदी एफडीआई को अधिसूचित किया था।



